Kidney Transplant: किडनी ट्रांसप्लांट के बाद क्या होती है दिक्कत, कितना सफल है ऑपरेशन, यहां जानें एक्‍सपर्ट की राय

Kidney Transplant: किडनी ट्रांसप्लांट के बाद क्या होती है दिक्कत, कितना सफल है ऑपरेशन, यहां जानें एक्‍सपर्ट की राय

किडनी हमारे शरीर के महत्वपूर्ण अंगों में से एक है। कई बार किडनी फेल होने या खराब होने के बाद कई मरीज किडनी ट्रांसप्लांट का सहारा लेते हैं। यह ऑपरेशन कितना सफल है और इसके बाद मरीजों को क्‍या दिक्‍कत हो सकती हैं, आपको यहां बताते हैं।


Kidney Transplant: किडनी ट्रांसप्लांट के बाद क्या होती है दिक्कत, कितना सफल है ऑपरेशन, यहां जानें एक्‍सपर्ट की राय
सुरक्षित माना जाता है किडनी ट्रांसप्‍लांट

HIGHLIGHTS

  1. किडनी खराब होने पर करवाया जाता है डायलिसिस
  2. स्थिति न सुधार न होने पर होता है किडनी ट्रासप्लांट
  3. ट्रासप्लांट के बाद डोनर को भी नहीं होती कोई दिक्‍कत

Kidney Transplant हेल्‍थ डेस्‍क, इंदौर। किडनी रक्त से अपशिष्ट पदार्थों को छानती है और पेशाब के जरिए इसे शरीर से बाहर निकाल देती है। किडनी हमारे शरीर के सबसे अहम अंगों में से एक है, जो न सिर्फ इलेक्ट्रोलाइट को संतुलित रखती हैं और हमें फिट व स्वस्थ बने रहने में मदद भी करती हैं।

किडनी खराब होने की स्थिति में डायलिसिस करवाना आवश्यक होता है। जब डायलिसिस से भी मरीज की स्थिति में सुधार नहीं होता तो उसके पास एकमात्र विकल्प किडनी ट्रासप्लांट करवाना ही बचता है। ट्रांसप्लांट के बाद मरीज पहले की तरह बेहतर जिंदगी जी सकता है।

दवाओं से मैनेज हो सकती है समस्या

यूरोलाजिस्ट एंड किडनी ट्रांसप्लांट सर्जन डॉ. राजेश के पटेल के अनुसार किडनी फेलियर की वजह से ट्रांसप्लांट की जरूरत तेजी से बढ़ रही है। ट्रांसप्लांट के प्रोसीजर के बाद कई लोग ब्लीडिंग, इन्फेक्शन और दर्द से जूझते हैं, लेकिन यह समस्याएं आसानी से मैनेज की जा सकती हैं।

naidunia_image

ज्यादातर मामलों में दवाओं से इसे मैनेज कर लिया जाता है। वहीं, किडनी डोनेट करने वाले को ट्रांसप्लांट के बाद किसी तरह की दवाइयों की जरूरत नहीं पड़ती और वह स्वस्थ जिंदगी जी सकता है।

लंबी उम्र जीता है मरीज

किडनी ट्रांसप्लांट की मदद से क्रोनिक किडनी की बीमारी या रीनल बीमारी की आखिरी स्टेज का इलाज करने में मदद मिलती है। इससे मरीज बेहतर महसूस करता है और लंबी उम्र जीता है।

डिस्क्लेमर

यह लेख सामान्य जानकारी के आधार पर लिखा गया है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा डॉक्टर्स की सलाह जरूर लें। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

Health Tips For Monsoon: बारिश वाली बीमारियां बन सकती है खतरनाक, बदलते मौसम में ऐसे करें खुद का बचाव

तापसी पन्नू की 'फिर हसीन दिलरुबा' देगी 9 अगस्त को OTT पर दस्तक, जल्द होगी दिव्यांका-विवेक की 'घर वापसी'

SBI Loan Rates: स्टेट बैंक का कर्ज हुआ महंगा, ब्याज दरों में इजाफा; जानिए आपकी EMI कितनी बढ़ जाएगी